मंगलवार, 12 दिसंबर 2023

तन्हा

 वो जो किसी दिन तुम्हें चुभा होगा 

देखना  गौर से  वो टूटा  होगा


बिखर जाने का लिए मलाल वो

भरी महफ़िल में भी तन्हा होगा।

स्वांग

 स्वांग कान्हा का किया तो राधिका का त्रास होगा प्रीत में जो छल किया तो कृष्ण का उपहास होगा। असित नाथ तिवारी