मंगलवार, 12 दिसंबर 2023

तन्हा

 वो जो किसी दिन तुम्हें चुभा होगा 

देखना  गौर से  वो टूटा  होगा


बिखर जाने का लिए मलाल वो

भरी महफ़िल में भी तन्हा होगा।

 एक दिन बहुत पछताओगे  ढूंढोगे मुझे भीड़ में, नीड़ में  बैठे कहीं एकांत में  किसी कविता के तुकांत में  खुद आगे करोगे हाथ  पाने को थोड़ा साथ प...