उनसे सलीके से अपनी बात रखिए
दिल निकाल दीजिए, एहसास रखिए
गर है मोहब्बत तो इकरार कीजिए
आंखों से निकाल कर जज्बात रखिए
एक दिन बहुत पछताओगे ढूंढोगे मुझे भीड़ में, नीड़ में बैठे कहीं एकांत में किसी कविता के तुकांत में खुद आगे करोगे हाथ पाने को थोड़ा साथ प...
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